पुष्कर सिंह धामी ने PM मोदी से की शिष्टाचार भेंट, मांगी कई योजनाओं की स्वीकृति

punjabkesari.in Friday, Jun 24, 2022 - 10:26 AM (IST)

 

देहरादून/नई दिल्लीः उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शिष्टाचार भेंट की और राज्य के विकास के लिए प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन और केंद्र सरकार के सहयोग के लिए देवभूमि की जनता की ओर से आभार व्यक्त किया।
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इस बीच मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री से उत्तराखंड के लिए जीएसटी क्षतिपूर्ति की अवधि को जून, 2022 के आगे बनाए रखने, उत्तराखंड में राष्ट्रीय फार्मास्यूटिकल शिक्षा एवं शोध संस्थान की एक शाखा स्थापित किए जाने, कुमांऊ मंडल के पौराणिक मन्दिरों को जोड़े जाने के उद्देश्य से ‘‘मानस खंड मन्दिर माला मिशन' को स्वीकृति दिए जाने का अनुरोध किया। धामी ने पिथौरागढ़ हवाई पट्टी से हवाई सेवाओं के शीघ्र एवं सुचारू संचालन के लिए संबंधित को निर्देशित किए जाने के साथ ही टीएचडीसी इण्डिया लिमिटेड की इक्विटी शेयर धारिता में उत्तर प्रदेश के 25 प्रतिशत अंशधारिता को उत्तराखंड को स्थानान्तरित करने में केंद्र से सहयोग का भी अनुरोध किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड राज्य, देश के फार्मास्यूटिकल हब के रूप में उभर रहा है। भारत में कुल उपभोग होने वाली दवाओं में उत्तराखंड राज्य में स्थापित औषधि निर्माण इकाईयों की लगभग 20 प्रतिशत हिस्सेदारी है। उन्होंने मोदी को बताया कि राज्य में स्थापित तीन प्रमुख औद्योगिक संकुलों यथा-देहरादून, हरिद्वार एवं उधमसिंहनगर में 300 से अधिक फार्मास्यूटिकल निर्माण इकाईयां स्थापित हैं, जो एक लाख से अधिक लोगों को रोजगार प्रदान कर रहीं है। उन्होंने उत्तराखंड में राष्ट्रीय फार्मास्यूटिकल शिक्षा एवं शोध संस्थान की एक शाखा स्थापित किए जाने का अनुरोध किया। इससे राज्य में फार्मास्यूटिकल शोध को बढ़ावा मिलेगा। उक्त संस्थान की स्थापना हेतु वांछित भूमि राज्य सरकार द्वारा उपलब्ध करवाई जाएगी। उन्होंने प्रधानमंत्री को बताया कि राज्य के सीमान्त जनपद पिथौरागढ़ में हवाई पट्टी से फिक्सडविंग (वायुयान ) हवाई सेवा संचालित किए जाने हेतु निविदा की कार्रवाई पूर्ण की जा चुकी है। उन्होंने प्रधानमंत्री से पिथौरागढ़ हवाई पट्टी से हवाई सेवाओं के शीघ्र एवं सुचारू संचालन के लिए सम्बन्धित को निर्देशित करने का अनुरोध किया।
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धामी ने कहा कि जीएसटी लागू होने पर राज्यों को राजस्व सुरक्षा प्रदान किये जाने के उद्देश्य से पांच वर्षों यथा 30 जून 2022 तक की अवधि के लिए जीएसटी की क्षतिपूर्ति की व्यवस्था की गई थी। परंतु संरचनात्मक परिवर्तन, न्यून उपभोग आधार, राज्य में सेवा का अपर्याप्त आधार सहित अन्य कारणों से जीएसटी लागू होने के उपरान्त राज्य के राजस्व में अपेक्षित वृद्धि दर्ज नहीं की जा सकी है। उन्होंने राज्य के सीमित आर्थिक संसाधनों को देखते हुए जीएसटी क्षतिपूर्ति की अवधि जून, 2022 के पश्चात् अग्रेत्तर वर्षों के लिए बढ़ाए जाने का अनुरोध किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में केदारनाथ एवं बद्रीनाथ को मास्टर प्लान तैयार कर विकसित किया जा रहा है। उन्होंने इसी भांति प्रदेश के कुमाऊं मंडल के पौराणिक मन्दिरों को जोड़े जाने के उद्देश्य से ‘‘मानस खंड मन्दिर माला मिशन'' की स्वीकृति दिए जाने का अनुराध किया। धामी ने प्रधानमंत्री का धन्यवाद करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के कुशल मार्गदर्शन से स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, ऊर्जा इत्यादि क्षेत्रों में चहुंमुखी विकास कर रहा है। उनकी अपेक्षा अनुसार वर्ष 2025 में राज्य के रजत जयंती वर्ष में उत्तराखंड देश के अग्रणी राज्यों में से एक होगा।


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Nitika

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