Barabanki CHC परिसर में विकराल अग्निकांड: एक के बाद एक धूं-धूं कर जल उठीं 13 एंबुलेंस, आसमान में छाया काले धुएं का गुबार

punjabkesari.in Sunday, Mar 29, 2026 - 06:07 PM (IST)

Barabanki News (अर्जुन सिंह) : बाराबंकी जनपद के जैदपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रविवार की दोपहर उस वक्त कोहराम मच गया, जब अस्पताल परिसर में खड़ी एंबुलेंसों में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी विकराल थी कि देखते ही देखते एक के बाद एक 13 एंबुलेंस आग के गोले में तब्दील हो गईं। आसमान में उठते धुएं के गुबार और उठती लपटों को देख अस्पताल में मौजूद मरीजों और तीमारदारों के बीच अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर मोर्चा संभाला और बड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।

घटना रविवार दोपहर की है जब जैदपुर सीएचसी परिसर के एक हिस्से में खड़ी एंबुलेंस गाड़ियों से अचानक धुंआ उठने लगा। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता तेज आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। मौके पर मौजूद स्वास्थ्य कर्मियों ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी। आग लगने की वजह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है लेकिन चिलचिलाती धूप और गर्मी के बीच लगी इस आग ने चंद मिनटों में ही विभाग की गाड़ियों को राख के ढेर में बदल दिया।

यह भी पढ़ें : फिर औंधे मुंह गिरा सोने-चांदी का भाव! सिल्वर इतने लाख हुई सस्ती, गोल्ड भी जोरदार टूटा, जानें 24kt, 22kt, 20kt, 18kt Gold का रेट 

सूचना मिलते ही सबसे पहले जैदपुर पुलिस मौके पर पहुँची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया। पुलिसकर्मियों ने साहस का परिचय देते हुए जल रही एंबुलेंसों के पास खड़ी अन्य सुरक्षित गाड़ियों को ट्रैक्टर व अन्य वाहनों से खींचकर वहां से दूर किया जिससे दर्जनों अन्य वाहन जलने से बच गए। इसी बीच दमकल की गाड़ियां भी मौके पर पहुँच गईं और पानी की बौछार कर आग को शांत किया। हालांकि तब तक 13 एंबुलेंस पूरी तरह जलकर लोहे के ढांचे में बदल चुकी थीं।

यह भी पढ़ें : यमुना एक्सप्रेसवे पर चलती बस में आग का तांडव! हलक में आई 48 यात्रियों की जान, मची चीख-पुकार, देखते ही देखते राख हो गई पूरी गाड़ी

बताया जा रहा है कि परिसर में करीब 42 एंबुलेंस गाड़ियां लंबे समय से खड़ी थीं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा इन वाहनों के वैल्यूएशन और स्क्रैप (कबाड़) की प्रक्रिया जारी थी, लेकिन इनके निस्तारण में हुई देरी आज एक बड़े हादसे का कारण बन गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) द्वारा पूर्व में इन पुरानी गाड़ियों के मूल्यांकन के लिए एआरटीओ को पत्र भी भेजा गया था। फिलहाल पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम आग लगने के असली कारणों की जांच कर रही है। गनीमत रही कि आग अस्पताल की मुख्य बिल्डिंग तक नहीं पहुँची वरना एक बड़ी जनहानि हो सकती थी।


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Editor

Purnima Singh

Related News

static