''दम है तो रोक लो'' कहकर प्रधान के भाइयों को चाकू से गोदा, खूनी रंजिश का खौफनाक अंत, ₹1000 की कीमत दो जान!

punjabkesari.in Sunday, Mar 22, 2026 - 12:46 PM (IST)

Meerut News: उत्तर प्रदेश के मेरठ में ईद की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गईं, जब सरधना थाना क्षेत्र के मेहरमती गणेशपुर गांव में मामूली लेन-देन को लेकर दो गुट आपस में भिड़ गए। महज एक हजार रुपए के लिए शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ा कि हमलावरों ने ग्राम प्रधान के 2 सगे भाइयों की बेरहमी से हत्या कर दी। इस खूनी संघर्ष में कई अन्य लोग भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

कब्रिस्तान से शुरू हुई मौत की पटकथा
घटना शनिवार शाम की है, जब ग्राम प्रधान मोहम्मद सईद के परिवार का सलमान नाम का युवक कब्रिस्तान के पास बैठा था। तभी गांव का ही इरशाद (जो नशे में धुत बताया जा रहा है) वहां पहुंचा और सलमान से अपने ₹1000 मांगने लगा। देखते ही देखते बात गाली-गलौज से शुरू होकर हाथापाई तक पहुंच गई।

30 मिनट तक चला तांडव, चाकू से आर-पार किए वार
विवाद बढ़ने पर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। नमाज पढ़कर लौट रहे प्रधान के भाई भूरा (40) और सैमुद्दीन (35) बीच-बचाव करने पहुंचे, लेकिन हमलावरों ने उन पर धारदार हथियारों से धावा बोल दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने भूरा के शरीर में चाकू आर-पार कर दिया। आरोपियों ने सरेआम ललकारते हुए कहा कि दम है तो रोक लो! आधे घंटे तक चले इस खूनी खेल में दोनों भाइयों की अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई।

पुरानी रंजिश और सोची-समझी साजिश?
ग्रामीणों का आरोप है कि यह कत्ल अचानक नहीं हुआ। घटना वाले दिन सुबह ही मुख्य आरोपी रहीश को छुरियों पर धार लगाते देखा गया था। प्रधान पक्ष और आरोपियों के बीच पुरानी रंजिश चली आ रही थी, जिसका फायदा उठाकर इस वारदात को अंजाम दिया गया। घटना में तौहीद, आमिर और मंसूर समेत कई लोग घायल हैं, जिनका इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है।

पुलिस का एक्शन- 3 गिरफ्तार, 4 फरार
वारदात के बाद गांव में भारी पुलिस बल और पीएसी (PAC) तैनात कर दी गई है। एसपी देहात ने बताया कि 7 नामजद आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को दबोच लिया है, जबकि बाकी की तलाश में टीमें दबिश दे रही हैं।


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Content Editor

Anil Kapoor

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