फर्जी B.Ed डिग्री पर सरकारी शिक्षक बनी शमीम जहां बर्खास्त, 15 साल तक विभाग को नहीं लगी खबर... अब वेतन व भत्तों की होगी रिकवरी
punjabkesari.in Friday, Apr 04, 2025 - 10:23 AM (IST)

Hardoi News: उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसके बारे में जानकर आप हैरान रह जाएंगे। जहां जिले के बिलग्राम क्षेत्र के मितमितपुर संविलियन विद्यालय में सहायक अध्यापक के पद पर तैनात शमीम जहां को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) विजय प्रताप सिंह ने बर्खास्त कर दिया है। शमीम जहां ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नौकरी प्राप्त की थी। पिछले 15 साल से शमीम जहां परिषदीय स्कूल में कार्यरत थीं और उनका स्थानांतरण शाहजहांपुर से हरदोई के मितमितपुर विद्यालय में सहायक अध्यापक के पद पर हुआ था। साथ ही, उन्हें वेतन और भत्तों की बकाया राशि की वसूली का भी आदेश दिया गया है।
बताया जा रहा है कि बीएसए ने यह कार्रवाई उप लोकायुक्त और विभागीय जांच के बाद की, जिसमें शमीम जहां के शैक्षिक दस्तावेज फर्जी पाए गए थे। जांच में यह सामने आया कि शमीम जहां ने अपनी बीएड की डिग्री से संबंधित दस्तावेजों में धोखाधड़ी की थी।
मिली जानकारी के मुताबिक, शमीम जहां, जिनकी तैनाती 2009 में शाहजहांपुर के विकास खंड जलालाबाद के अल्हादादपुर प्राथमिक विद्यालय में हुई थी, को 2011 में प्रोन्नति के बाद विकास खंड कांट के पूर्व माध्यमिक विद्यालय इमलिया में सहायक अध्यापक के रूप में तैनात किया गया था। इसके बाद, उन्होंने 2023 में हरदोई जिले में स्थानांतरण करा लिया था।
इस मामले की शुरुआत दिसंबर 2024 में हुई, जब शहर के मोहल्ला सुभाषनगर निवासी देवेंद्र सिंह ने लोकायुक्त में शमीम जहां के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद, बिलग्राम के खंड शिक्षाधिकारी संतोष कुमार सिंह ने जनवरी 2025 में शमीम जहां के शैक्षिक दस्तावेजों की जांच कराई। लखनऊ विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक ने पुष्टि की कि शमीम जहां के पास बीएड की डिग्री का अंक पत्र और प्रमाण पत्र नहीं है। शमीम जहां का जवाब भी जांच अधिकारियों को संतोषजनक नहीं मिला, जिसके बाद उन्हें बर्खास्त कर दिया गया।