''तुम्हारे पेट में जिन्न का बच्चा है…'' तांत्रिक के झांसे में आई नाबालिग, कपड़े उतरवाते ही बेनकाब हुई हैवानियत की खौफनाक साजिश
punjabkesari.in Friday, Jan 02, 2026 - 07:34 AM (IST)
Agra News: दुनिया भले ही 21वीं सदी में तेजी से आगे बढ़ रही हो और इंसान चांद-मंगल तक पहुंच चुका हो, लेकिन आज भी समाज में अंधविश्वास की जड़ें गहरी हैं। इसी अंधविश्वास का फायदा उठाकर तांत्रिक और ढोंगी लोग लोगों को ठगने और अपराध करने से भी नहीं चूक रहे हैं। ऐसा ही एक चौंकाने वाला मामला उत्तर प्रदेश के आगरा जिले से सामने आया है, जिसने ना सिर्फ लोगों को बल्कि पुलिस को भी हैरान कर दिया है।
'पेट में जिन्न का बच्चा है' कहकर डराया
ताजा मामला आगरा जिले के थाना फतेहपुर सीकरी क्षेत्र से जुड़ा है। आरोप है कि एक तांत्रिक ने नाबालिग किशोरी के परिजनों को यह कहकर डरा दिया कि लड़की के पेट में 'जिन्न का बच्चा' है। तांत्रिक ने दावा किया कि किशोरी छह महीने की गर्भवती है और अगर तंत्र-मंत्र से इलाज नहीं कराया गया तो बड़ी अनहोनी हो सकती है। इस बात से डरे परिजन तांत्रिक की बातों में आ गए और इलाज के नाम पर उसे बुला लिया।
इलाज के नाम पर घर पहुंचा तांत्रिक
पीड़ित किशोरी फतेहपुर सीकरी की रहने वाली है। उसे इलाज के लिए आगरा के जगदीशपुरा क्षेत्र में रहने वाले तांत्रिक के पास बुलाया गया था। बाद में तांत्रिक खुद किशोरी के घर पहुंचा। परिजनों का आरोप है कि तांत्रिक ने तंत्र-मंत्र करने के बहाने घर में पूजा-पाठ की और परिजनों को मंत्र पढ़ा हुआ पानी भी पिलाया। इसी दौरान दाई बनकर आई एक महिला ने इलाज के नाम पर किशोरी के कपड़े उतरवाए।
दुष्कर्म के प्रयास का आरोप
परिजनों का कहना है कि इसी दौरान तांत्रिक ने किशोरी के साथ दुष्कर्म करने का प्रयास किया। घटना की जानकारी मिलने के बाद परिवार ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। बुधवार को पीड़ित के परिजनों की तहरीर पर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
पुलिस कर रही आरोपियों की तलाश
पुलिस ने तांत्रिक और उसके साथियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। फिलहाल आरोपी फरार हैं और पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और दोषियों को जल्द ही गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की अपील
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अंधविश्वास में न पड़ें और किसी भी बीमारी या समस्या के लिए डॉक्टर या सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं का ही सहारा लें। ऐसे ढोंगी तांत्रिक लोगों की मजबूरी और डर का फायदा उठाकर गंभीर अपराध को अंजाम देते हैं।

