दुनिया का सबसे मनहूस गाना, ले चुका है 100 से ज्यादा लोगों की जान! सिंगर ने भी किया सुसाइड, गलती से भी मत सुनना

punjabkesari.in Friday, May 01, 2026 - 05:53 PM (IST)

UP Desk : संगीत जहां भावनाओं को सुकून देता है, वहीं इतिहास में एक ऐसा गीत भी दर्ज है, जिसे लेकर वर्षों से विवाद और रहस्य बना हुआ है। हंगरी का मशहूर गीत ‘Gloomy Sunday’ अक्सर “सुसाइड सॉन्ग” के रूप में चर्चित रहा है। हालांकि, विशेषज्ञ इस दावे को लेकर सावधानी बरतने की सलाह देते हैं और इसे कई सामाजिक व मानसिक कारणों से जोड़कर देखते हैं।

1930 के दशक में हुआ था रिलीज
‘Gloomy Sunday’ को हंगरी के संगीतकार रेज़सो सेरेस ने 1933 में लिखा था और 1935 में यह गाना व्यापक रूप से सामने आया। इसके बोल गहरे दुख, अकेलेपन और निराशा को दर्शाते हैं, जिसने उस दौर के श्रोताओं पर गहरा भावनात्मक प्रभाव डाला।

आत्महत्याओं से जुड़ने के दावे
इस गाने को लेकर कई कहानियां सामने आईं, जिनमें दावा किया गया कि इसे सुनने के बाद कुछ लोगों ने आत्महत्या की। कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया कि कथित तौर पर सुसाइड नोट्स में इस गीत का जिक्र किया गया। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि सीमित है और विशेषज्ञ इन्हें सीधे कारण मानने से बचते हैं।

उस दौर की सामाजिक परिस्थितियां भी जिम्मेदार
इतिहासकारों और मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि उस समय हंगरी आर्थिक संकट, बेरोजगारी और सामाजिक तनाव से जूझ रहा था। ऐसे माहौल में उदासी भरे गीत लोगों की भावनाओं से गहराई से जुड़ते थे, जिससे उनका प्रभाव ज्यादा महसूस होता था।

गाने पर लगाया गया प्रतिबंध
गाने को लेकर बढ़ती चर्चाओं के बीच, कुछ जगहों पर इसे रेडियो पर बजाने पर रोक लगा दी गई थी। बाद में समय के साथ इस प्रतिबंध को हटा दिया गया और यह गीत संगीत इतिहास का हिस्सा बना रहा।

विशेषज्ञों की सलाह
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी कला या गीत को सीधे आत्महत्या जैसी घटनाओं का कारण मानना उचित नहीं है। मानसिक स्वास्थ्य कई कारकों से प्रभावित होता है। अगर कोई व्यक्ति उदासी या तनाव महसूस कर रहा है, तो उसे मदद लेना और अपने करीबी लोगों से बात करना जरूरी है।


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Editor

Purnima Singh

Related News

static