लखनऊ मर्डर केस: हाथ खून से रंगे और आंखों में पछतावा! पिता की हत्या के बाद बहन से लिपटकर रोया था अक्षत
punjabkesari.in Sunday, Mar 01, 2026 - 06:46 AM (IST)
Lucknow News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ का पॉश इलाका आशियाना (सेक्टर-एल) उस वक्त दहल गया, जब एक बेटे ने अपने ही पिता की जान ले ली। कारोबारी मानवेंद्र सिंह की हत्या ने ना केवल पुलिस को बल्कि पूरे शहर को सन्न कर दिया है। यह कहानी अब महज एक अपराध नहीं, बल्कि बिखरते रिश्तों की एक डरावनी दास्तान बन चुकी है।
वारदात की रात क्या हुआ?
पुलिस जांच के अनुसार, घटना वाली रात पिता मानवेंद्र और बेटा अक्षत दोनों ही नशे की हालत में थे। दोनों के बीच किसी बात को लेकर तीखी बहस शुरू हुई। आरोप है कि पिता ने अक्षत को कुछ भला-बुरा कह दिया, जिससे वह आपा खो बैठा। गुस्से में तमतमाए अक्षत ने घर में रखी लाइसेंसी राइफल उठाई और अपने ही पिता पर गोली चला दी। कुछ ही सेकंड में आलीशान घर मातम के सन्नाटे में डूब गया।
बहन से लिपटकर रोया कातिल भाई
हत्या के बाद अक्षत के व्यवहार में अजीब बदलाव देखा गया। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, जेल जाने से पहले अक्षत अपनी छोटी बहन 'कृति' से लिपटकर फूट-फूटकर रोया। उसने पुलिस से अपना मोबाइल मांगा ताकि वह बहन के खाते में पैसे ट्रांसफर कर सके। उसने ₹22,000 में से ₹6,000 एक पैथोलॉजी क्लर्क को देने और बाकी पैसे बहन की जरूरतों के लिए रखने की हिदायत दी। मां को पहले ही खो चुकी कृति अब पूरी तरह सदमे में है। पिता की मौत और इकलौते भाई के जेल जाने ने उसे पूरी तरह तोड़ दिया है।
जेल में पछतावे की रात
अक्षत की जेल में पहली रात बहुत बेचैनी में गुजरी। जेल प्रशासन के अनुसार, वह पूरी रात दीवार से लगकर बैठा रहा और खुद से बड़बड़ाता रहा। वह बार-बार अपने किए पर पछतावा जता रहा है और रो रहा है। सुरक्षा के लिहाज से उसे जेल अस्पताल में विशेष निगरानी में रखा गया है।
पुलिस की जांच और नीला ड्रम कांड
पुलिस अब इस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है। हालांकि अक्षत का कहना है कि पिता ने पहले उसे पीटा था, लेकिन पुलिस डिजिटल साक्ष्य, फॉरेंसिक रिपोर्ट और आर्थिक लेन-देन की पड़ताल कर रही है ताकि हत्या की असली वजह साफ हो सके।

