अयोध्या गैंगरे/प केस: मोईद खान बाइज्जत बरी, लेकिन रहेंगे जेल में; राजू खान को 20 साल की सजा—DNA टेस्ट ने तय किया फैसला
punjabkesari.in Friday, Jan 30, 2026 - 08:22 AM (IST)
Ayodhya News: अयोध्या के चर्चित भदरसा गैंगरेप मामले में POCSO प्रथम न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने सपा नेता मोईद खान को सभी आरोपों से बाइज्जत बरी कर दिया है, जबकि मामले में सह आरोपी और नौकर राजू खान को दोषी ठहराते हुए 20 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई। इसके अलावा अदालत ने राजू खान पर 50 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया।
मामले का इतिहास
यह मामला 29 जुलाई 2024 को थाना पूराकलंदर में दर्ज किया गया था। मामला तब सामने आया जब नाबालिग गर्भवती पाई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया।
डीएनए टेस्ट बना निर्णायक सबूत
जांच के दौरान मोईद खान और राजू खान दोनों का डीएनए टेस्ट कराया गया। अदालत में पेश रिपोर्ट में मोईद खान का डीएनए नेगेटिव पाया गया, जबकि राजू खान का डीएनए पॉजिटिव आया। डीएनए साक्ष्य के आधार पर अदालत ने मोईद खान को निर्दोष करार दिया और राजू खान को गंभीर अपराध का दोषी मानते हुए सजा सुनाई।
मोईद खान फिलहाल जेल में रहेगा
हालांकि मोईद खान बाइज्जत बरी हो चुके हैं, जेल से उनकी रिहाई अभी नहीं हो सकती। उन पर पहले से ही गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई चल रही है। बता दें कि इस मामले के सामने आने के बाद प्रशासन ने मोईद खान की बेकरी और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स पर बुलडोजर कार्रवाई की थी। यह कार्रवाई जिले भर में काफी चर्चा में रही और बहस का विषय बनी।
न्याय और संदेश
इस फैसले को जांच प्रक्रिया और डीएनए साक्ष्य की निर्णायक भूमिका के लिहाज से अहम माना जा रहा है। एक ओर दोषी को कड़ी सजा मिली है। दूसरी ओर निर्दोष को न्याय मिलने का संदेश भी सामने आया है। यह निर्णय समाज में न्यायिक प्रक्रिया और वैज्ञानिक सबूतों के महत्व को दिखाने वाला उदाहरण माना जा रहा है।

