CO ने महिलाओं को दी गालियां, SHO ने पत्रकारों को मौके से भगाया, UP Police की अभद्रता का Video Viral; सवालों के घेरे में खाकी!
punjabkesari.in Thursday, Jan 08, 2026 - 05:59 PM (IST)
हरदोई: जिले के हरपालपुर क्षेत्र में पुलिस की कार्यशैली को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। हरपालपुर के क्षेत्राधिकारी (सीओ) सतेंद्र सिंह और सांडी थानाध्यक्ष राकेश यादव से जुड़े दो अलग-अलग वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिनसे पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं।
जानिए पूरा मामला क्या है?
यह घटना हरपालपुर थाना क्षेत्र के खसौरा ग्राम पंचायत अंतर्गत दिउसीपुर गांव की है। यहां प्रशासन अवैध कब्जा हटाने के लिए कार्रवाई कर रहा था। सवायजपुर के एसडीएम मयंक कुंडू के नेतृत्व में राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम गांव पहुंची।
जानकारी के अनुसार, गांव निवासी आदेश शुक्ला ने प्रशासन से शिकायत की थी कि उनकी जमीन पर कुछ लोगों ने अवैध कब्जा कर लिया है। शिकायत के बाद टीम ने जांच की और कब्जा हटाने की कार्रवाई शुरू की।
सीओ का विवादित व्यवहार
कार्रवाई के दौरान जब टीम जमीन पर पहुंची, तो कुछ ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। विरोध करते हुए कई महिलाएं अपने-अपने घरों में जमीन पर बैठ गईं और उठने से इनकार कर दिया। उनका कहना था कि कार्रवाई से पहले उन्हें पूरी सुनवाई और उचित प्रक्रिया का मौका नहीं मिला।
वायरल वीडियो में क्या दिख रहा
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि सीओ सतेंद्र सिंह महिलाओं को जबरन उठने के लिए कह रहे हैं। जब महिलाएं नहीं उठतीं, तो उनका रवैया बदल गया। वीडियो में सीओ की आवाज में गुस्सा और अभद्र भाषा साफ सुनाई दे रही है। ग्रामीणों का कहना है कि यह व्यवहार न सिर्फ अपमानजनक था, बल्कि कानून के रक्षक की छवि को भी धूमिल करता है।
यह भी पढ़ें : पूर्व केंद्रीय मंत्री और BJP के दिग्गज नेता का निधन, PM Modi ने जताया शोक; भाजपा को मजबूत बनाने में रहा अहम योगदान
पत्रकारों को हटाने का वीडियो भी वायरल
इस कार्रवाई के दौरान एक और वीडियो सामने आया, जिसमें सांडी थानाध्यक्ष राकेश यादव मीडिया के लोगों को वहां से हटाते नजर आ रहे हैं। वीडियो में देखा जा सकता है कि पत्रकार कार्रवाई की कवरेज कर रहे थे, तब थानाध्यक्ष ने उन्हें वहां से जाने को कहा। आरोप है कि पत्रकारों को यह कहकर हटाया गया कि “यहां रुकने की जरूरत नहीं है।”
मामले में जांच शुरू
दोनों वीडियो के वायरल होने के बाद पुलिस अधीक्षक ने घटनाओं की जांच अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) को सौंप दी है। प्रशासन ने कहा कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

