मिलिए, सहारनपुर के 72 साल के सुरेंद्र सिंह से जो आज भी युवाओं को छोड़ रहे पीछे, जीत रहे मेडल; नेशनल में सिल्वर जीतने के बाद अब जल्द खेलेंगे इंटरनेशनल

punjabkesari.in Friday, Apr 04, 2025 - 03:28 PM (IST)

Saharanpur News, (रामकुमार पुंडीर): प्रतिभा की कोई आयु सीमा नहीं होती। उम्र के जिस पड़ाव पर लोग घर बैठ जाते हैं उस उम्र में सहारनपुर के चंदन नगर निवासी सुरेंद्र सिंह दौड़ लगाकर मेडल जीत रहे हैं। हाल ही में मास्टर एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ़ इंडिया के तत्वाधान में बेंगलुरु में 4 मार्च से 9 मार्च तक 45वीं राष्ट्रीय मास्टर्स एथलेटिक्स प्रतियोगिता 2025 का आयोजन किया गया था, जिसमे सुरेंद्र सिंह ने उत्तर प्रदेश टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए 5000 मीटर रेस वॉक इवेंट में द्वितीय स्थान प्राप्त कर सिल्वर मेडल जीतकर सहारनपुर समेत उत्तर प्रदेश का नाम रोशन किया।
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सहारनपुर के पेपर मिल में इंजीनियर के पद से रिटायर होने के बाद इस गेम को चुना
सुरेंद्र कुमार बताते हैं कि रजत पदक जीतने पर उनका चयन इंडोनेशिया में होने वाले अंतरराष्ट्रीय मास्टर्स एथलेटिक्स प्रतियोगिता के लिए हुआ है। कुमार ने सहारनपुर के पेपर मिल में इंजीनियर के पद से रिटायर होने के बाद इस गेम को चुना था जबकि उनका पसंदीदा गेम बैडमिंटन था। वहीं सुरेंद्र कुमार अपनी पत्नी के साथ सहारनपुर में रहते हैं जबकि उनकी दो बेटियां अनुभूति सिंह एमिरेट्स एयरलाइंस दुबई में सुपरवाइजर है जबकि छोटी बेटी आकांक्षा सिंह एमिरेट्स एयरलाइंस दुबई में कंप्यूटर इंजीनियर है। सुरेंद्र कुमार ने 2021 में हुई यूपी मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में गोल्ड जीता, जबकि 2022 में हुई चैंपियनशिप में ब्रांज मेडल हाथ लगा और 2025 में यूपी मास्टर्स एथलेटिक चैंपियनशिप में गोल्ड जीतकर नेशनल के लिए क्वालीफायर किया था और हाल ही में हुए नेशनल मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल जीतकर अब इंडोनेशिया में होने वाली अंतरराष्ट्रीय मास्टर्स एथलेटिक्स प्रतियोगिता के चयन हुआ है।
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नेशनल मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 5000 मीटर रेस वॉक में जीता सिल्वर मेडल
एथलीट सुरेंद्र कुमार ने पंजाब केसरी से बात करते हुए बताया कि उनकी उम्र 72 साल है और अभी उन्होंने नेशनल मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 5000 मीटर रेस वॉक में सिल्वर मेडल जीता है। वह पिछले 5 साल से इंजीनियर की पोस्ट से रिटायर होने के बाद रेस वॉक को कर रहे हैं। शुरू में उन्होंने अपने इस गेम को स्टेट लेवल से शुरू किया था जहां पर पहली बार में ही 5 किलोमीटर रेस वॉक में उनका गोल्ड हाथ लगा था। उसके बाद अमेठी में भी उन्होंने गोल्ड जीता, उसके बाद उन्होंने बनारस में 5 किलोमीटर रेस वॉक में गोल्ड और 800 मीटर रेस वॉक में गोल्ड जीता था। इस तरीके से पिछले 5 साल में सुरेंद्र के पास कई गोल्ड मेडल है जबकि उनका पसंदीदा गेम बैडमिंटन था और वह सहारनपुर के पेपर मिल में मैनेजर के पद पर कार्यरत थे। वहीं उनको अपने घर के पास रहने वाले इंटरनेशनल एथलीट के.एस चौहान से प्रेरणा मिली, जबकि सुरेंद्र कुमार का सपना वर्ल्ड मास्टर्स एथलेटिक्स चैंपियनशिप में जाने का है जो कि अब पूरा होता नजर आ रहा है।
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Content Editor

Mamta Yadav

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