गोरखपुर में नड्डा बोले- पहले दवा बनने में दशकों लगता था, लेकिन मोदी सरकार ने साल भर में टीका बना लिया

punjabkesari.in Friday, Jun 10, 2022 - 06:17 PM (IST)

गोरखपुर: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा ने पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले देश में कोई बीमारी होती थी तो दवा विकसित होने में दशकों लग जाते थे, लेकिन मोदी सरकार में कोरोना महामारी का टीका एक साल के भीतर उपलब्ध करा दिया। परिवारवाद और भाई-भतीजावाद को लेकर भी पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए नड्डा ने कहा कि पहले राजनीति जातिवाद और भ्रष्टाचार का पर्याय थी लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे विकास का पर्याय बना दिया है। उन्होंने राजनीति की संस्कृति बदल डाली और विकासवाद की राजनीति खड़ी की है।

PunjabKesari

बता दें कि उत्तर प्रदेश में शुक्रवार को 7 जिलों में भाजपा के नए कार्यालय भवनों का उद्घाटन हुआ। पार्टी अध्यक्ष नड्डा ने गोरखपुर से इन कार्यालयों का उद्घाटन किया। इस समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी उपस्थित थे। नड्डा ने अपने संबोधन में कहा कि पुरानी सरकारों के दौर में चिकन पॉक्स की दवा आने में 27 साल लग गए थे जबकि बीसीजी के टीके को 27 साल लगे और पोलियो की खुराक को 30 साल लगे। टेटनेस की दवा को भारत में आने में 38 साल और मीजल की दवा को 22 साल लग गए। जापानी इन्सेफेलाइटिस की दवा जापान में 1906 में बन गई थी, लेकिन उसे भारत में आने में 100 साल लगे और वह योगी आदित्यनाथ नीत सरकार में 2006 में आयी।

भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि वहीं, दूसरी ओर देखें कि जिम्मेदार सरकार कैसी होती है? देश में जनवरी 2020 में कोरोना का पहला मामला आया, मोदी जी ने कार्यबल का गठन किया और अक्टूबर 2020 में टीके का परीक्षण शुरू हो गया। मोदी जी ने स्वयं फैक्टरी में जाकर निरीक्षण किया और 2021 जनवरी में देश को एक नहीं दो टीके मिले। उन्होंने कहा कि 130 करोड़ की आबादी वाले देश में लोगों को टीके की 200 करोड़ खुराक का इंजेक्शन लग चुका है।

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव का नाम लिए बगैर उनपर निशाना साधते हुए नडडा ने कहा, ‘‘यहां एक गैर जिम्मेदार नेता की बात याद दिलाना चाहूंगा। जब परीक्षण के बाद टीका लगना शुरू होना था, तो यही ‘अखिलेश' था जिसने कहा था कि यह तो मोदी जी का है, यह भाजपा का टीका है। चुपके-चुपके खुद लगवा लिया और आपको लगाने से रोकता रहा। यह है इनकी सरकारों का हाल। उन्होंने दावा किया, ‘‘प्रधानमंत्री ने राजनीति की संस्कृति बदल डाली। एक समय था जब राजनीति परिवारवाद, वंशवाद, जातिवाद, भाई भतीजावाद, भ्रष्टाचार, अनाचार के रूप में होती थी। यह राजनीति के पर्यायवाची बन गये थे। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी परिवारवाद, वंशवाद, संप्रदायवाद, जातिवाद और भ्रष्टाचार तथा अनाचार को नकार कर विकासवाद की राजनीति शुरू की है, हमें इसे समझना चाहिए।


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Writer

Mamta Yadav

Related News

Recommended News

static