पुलिसवालों पर ही चला कोर्ट का हंटर: SHO समेत 6 पर केस दर्ज करने का आदेश, थाने के CCTV फुटेज ने खोला राज

punjabkesari.in Thursday, Jul 02, 2026 - 08:04 AM (IST)

Shahjahanpur News: उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में थाना प्रभारी समेत 6 पुलिस कर्मियों पर पाक्सो एक्ट के आरोपी को मारने पीटने तथा गिरफ्तारी के दूसरे दिन गिरफ्तारी दिखाने के चलते पुलिस कर्मियों पर प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश न्यायालय ने दिया है। अधिवक्ता प्रियम चौहान ने बताया कि थाना सदर बाजार अंतर्गत रहने वाली 25 वर्षीय युवती ने मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में शिकायत की थी कि थाना सदर बाजार पुलिस उनके घर पर 14 मार्च को आई और उसे तथा उसके भाई एवं पिता सत्यवीर के साथ मारपीट की तथा पुलिसकर्मी दिलीप सिंह तथा एक अन्य व्यक्ति ने उसकी बहनों को गलत तरीके से छुआ।

ये भी पढ़ें:- 100 लैपटॉप, 178 मोबाइल और 119 गिरफ्तार: Lucknow में पुलिस ने हिलाया इंटरनेशनल साइबर क्राइम का नेटवर्क

उन्होंने बताया कि इसके बाद उसी दिन सुबह लगभग 9: बजे पुलिस सत्यवीर को गिरफ्तार कर थाने ले गई परंतु अगले दिन 15 मार्च की शाम को पुलिस ने उन्हें न्यायालय में पेश किया जहां से उन्हें पूर्व में एक महिला पुलिसकर्मी द्वारा दर्ज कराए गए पाक्सो के मामले में जेल भेज दिया गया। चौहान ने बताया कि पुलिस द्वारा आरोपी को गिरफ्तार करने के लगभग 30 घंटे बाद गिरफ्तारी अगले दिन दिखाई गई न्यायालय में शिकायत के बाद थाना सदर बाजार से न्यायालय ने सीसीटीवी फुटेज मांगे तो थाना प्रभारी लगातार समय मांगते रहे बाद में न्यायालय को पुलिस ने बताया कि उनके यहां थाने में लगे सीसीटीवी फुटेज रिकॉडिंग की क्षमता 15 दिन की ही है। 

ये भी पढ़ें:- खेतों में काम कर रहे थे लोग, तभी आसमान से बरसा कहर... 2 ने मौके पर तोड़ा दम, 8 गंभीर झुलसे

अधिवक्ता ने बताया कि मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी न्यायालय के न्यायाधीश श्रीमती ज्योति अग्रवाल ने प्रतिवादी पुलिसकर्मी तत्कालीन थाना प्रभारी बृजेश सिंह तथा उप निरीक्षक रणजीत बहादुर सिंह एसओजी (स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप) बरेली में तैनात सिपाही दिलीप सिंह, तथा सदर बाजार थाना के राम सजीवन तथा नरेंद्र के अलावा एक अन्य व्यक्ति संदीप सिंह के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश मंगलवार को किया है। न्यायालय ने आदेश में पुलिस अधीक्षक से कहा है कि थाना सदर बाजार में अभियोग पंजीकृत होने के बाद किसी अन्य थाने से इस मामले की जांच उच्च अधिकारी द्वारा कराए।


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Editor

Anil Kapoor

Related News

static